Friday, May 17, 2019

जानें, चीन की किस कंपनी को अमेरिका ने राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनज़र किया ब्लैकलिस्ट

दुनिया की सबसे बड़ी टेलीकॉम उपकरण निर्माता कंपनी के तौर पर जानी जाने वाली ‘हुवावे’ पर 15 मई को अमेरिका ने कड़ा प्रतिबंध लगाते हुए उसे ब्लैक लिस्ट कर दिया। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी कंपनियों को विदेश में बने ऐसे दूरसंचार उपकरणों के इस्तेमाल करने पर रोक लगा दी है जिनसे राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा हो सकता है।

बता दें कि अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने 15 मई को इस आदेश पर हस्ताक्षर किए। इस आदेश में सीधे तौर पर किसी कंपनी या देश का नाम मौजूद नहीं है लेकिन अधिकारी पहले कह चुके हैं कि हुवावे सुरक्षा के लिहाज से ‘खतरा’ है। वहीं अमेरिका ने अपने सहयोगी देशों को हुवावे 5 जी दूरसंचार प्रौद्योगिकी के लिए उपकरण न खरीदने के लिए कहा है।

अमेरिका के इस फैसले से दोनों देशों के व्यापारिक संबंधों में कटुता और बढ़ने के आसार है। यह कदम चीन की दूरसंचार नेटवर्क और उपकरण कंपनी हुवावे को ध्यान में रखकर उठाया गया है। वहीं हुवावे ने इस कदम को अनुचित और अपने अधिकारों का उल्लंघन बताया है।

जानें, चीन की किस कम्पनी को अमेरिका ने राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनज़र किया ब्लैकलिस्ट

जानकारी के लिए बता दें कि राष्ट्रपति का यह आदेश आने वाले दिनों में लागू हो जाएगा। इसके तहत हुवावे को अमेरिकी प्रौद्योगिकी खरीदने के लिए अमेरिकी सरकार से लाइसेंस लेने की जरूरत पड़ेगी। वाणिज्य विभाग का आरोप है कि हुवावे की गतिविधियां अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा या विदेश नीति के हितों के खिलाफ हैं। इस सूची में शामिल कंपनी या व्यक्ति को अमेरिकी प्रौद्योगिकी की बिक्री या स्थानांतरण करने के लिए बीआईएस के लाइसेंस की जरूरत पड़ती है। वहीं अगर बिक्री या स्थानांतरण अमेरिकी सुरक्षा या विदेश नीति को नुकसान पहुंचाने वाला हो तो लाइसेंस देने से मना किया जा सकता है।

इस मामले पर वाणिज्य मंत्री विल्बर रॉस ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति के सहयोग से वाणिज्य विभाग के उद्योग एवं सुरक्षा ब्यूरो ने कार्रवाई करते हुए हुवावे को ब्लैकलिस्ट की इकाइयों में डाला गया है। हुवावे को दुनिया की सबसे बड़ी दूरसंचार उपकरण निर्माता कंपनी माना जाता है। वाणिज्य विभाग का फैसला संघीय राजपत्र में प्रकाशित होने के बाद लागू हो जाएगा।

ऐसे में हुवावे ने ट्रंप सरकार की ओर से अमेरिकी कंपनियों को विदेशी दूरसंचार उपकरणों के इस्तेमाल से रोकने पर कहा कि अमेरिका का ‘अनुचित प्रतिबंध’ उसके अधिकारों का उल्लंघन है। यही नहीं कंपनी ने बयान में कहा कि हुवावे को अमेरिका में कारोबार करने से रोककर अमेरिका बहुत ज्यादा सुरक्षित या मजबूत नहीं होगा बल्कि, यह कदम अमेरिका के लिए नुकसानदेह होगा और उसे अधिक महंगे विकल्प अपनाने होंगे।

    फिल्म भारत के प्रमोशन के लिए इंडियन प्रिमियर लीग के फाइनल मैच के बीच होस्टिंग करते दिखाई देंगे सलमान और कैटरीना। सलमान की मोस्ट अवेटेड फिल्म (Bharat) ईद के मौके…

    आप इस बार के चुनाव में किसे वोट देंगे &#8211 अभी वोट करें

    No comments:

    Post a Comment