Monday, October 21, 2019

Ahoi Ashtami है आज, भूलकर भी न करें ये काम, जानें

करवा चौथ के 4 दिन बाद कार्तिक कृष्ण पक्ष की अष्टमी के दिन ‘Ahoi Ashtami’ का व्रत रखा जाता है। यह व्रत माताएं संतान के सुख और आयु वृद्धि की कामना हेतु रखती हैं। इस व्रत में मां गौरी की पूजा अर्चना करने का विधान है। धार्मिक ग्रंथो के अनुसार माता पार्वती संतान की रक्षा करने वाली हैं। इस व्रत में तारों को अर्ध्य दिया जाता है और उसके बाद ही व्रत तोड़ा जाता है। लेकिन Ahoi Ashtami व्रत से जुड़े कुछ नियम भी हैं, जिनका पालन जरूर करना चाहिए। मान्यता है कि इन नियमों का पालन न करने से मां अहोई नाराज हो सकती हैं।

भूलकर भी न करें ये काम:

– अहोई व्रत के दौरान पूजा शुरू करने से पहले प्रथम पूज्य भगवान गणेश जी की पूजा जरूर करना चाहिए। मान्यता है कि किसी भी पूजा का विशेष फल तभी मिलता है जब भगवान गणेश जी का नाम लेकर पूजा की शुरुआत की जाए।

– अहोई व्रत का भोजन बनाते समय भोजन में प्याज, लहसुन, तेल आदि का प्रयोग नहीं करना चाहिए। साथ ही कई लोग करवाचौथ की पूजा के दौरान इस्तेमाल हुए करवे को अहोई पूजा में प्योग करते हैं। लेकिन ऐसा बिल्कुल भई नहीं करना चाहिए।

– इस व्रत के दौरान पूजा करते समय भूल से भी कांसे के लोटे का प्रयोग नहीं करना चाहिए। इस दिन कांसे के बर्तन को शुभ नहीं माना जाता है।

– अहोई व्रत में व्रती को भूलकर भी गहरे नीले और काले रंग के कपड़े नहीं पहनने चाहिए।

– अहोई व्रत को कर रही महिला को दिन में नहीं सोना चाहिए। ऐसा माना जाता है कि इस व्रत के दौरान दिन में सोने से संतान की उम्र क्षीण होती है।

इस दिन सुबह उठकर स्नान करने और पूजा के समय ही संतान की लंबी आयु और सुखमय जीवन के लिए अहोई अष्टमी व्रत का संकल्प लिया जाता है। अनहोनी से बचाने वाली माता देवी पार्वती हैं इसलिए इस व्रत में माता पर्वती की पूजा की जाती है। अहोई माता की पूजा के लिए गेरू से दीवार पर अहोई माता के चित्र के साथ ही स्याहु और उसके सात पुत्रों की तस्वीर भी बनाई जाती है। माता जी के सामने चावल की कटोरी, मूली, सिंघाड़ा आदि रखकर कहानी कही और सुनी जाती है। सुबह पूजा करते समय लोटे में पानी और उसके ऊपर करवे में पानी रखते हैं।

दिवाली के दिन इस करवे का पानी पूरे घर में भी छिड़का जाता है। शाम में इन चित्रों की पूजा की जाती है। लोटे के पानी से शाम को चावल के साथ तारों को अर्घ्य दिया जाता है। अहोई पूजा में चांदी की अहोई बनाने का विधान है, जिसे स्याहु कहते हैं। स्याहु की पूजा रोली, अक्षत, दूध व भात से की जाती है।

    अक्षय कुमार जो की हाउसफुल का अहम हिस्सा रहे है अब अपनी नेक्स्ट सीक्वल हाउसफुल 4 के प्रमोशन में लगे हुए है। शनिवार रात को वो प्रमोशन के लिए ‘द…

    No comments:

    Post a Comment